राजकीय मेडिकल कॉलेज शाहजहांपुर को मिली नई सौगात, मुख्य द्वार और एंडोस्कोपी लैब का हुआ लोकार्पण।

राजकीय मेडिकल कॉलेज शाहजहांपुर को मिली नई सौगात, मुख्य द्वार और एंडोस्कोपी लैब का हुआ लोकार्पण।

शाहजहांपुर। मातृभूमि की पुकार संवाददाता।
शाहजहांपुर। राजकीय मेडिकल कॉलेज में स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम उठाया गया। रविवार, 11 अक्टूबर 2026 को शाम पांच बजे आयोजित कार्यक्रम में उत्तर प्रदेश सरकार के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने मेडिकल कॉलेज के नवनिर्मित मुख्य द्वार एवं बाउंड्रीवॉल का फीता काटकर उद्घाटन किया। इसी क्रम में जनरल मेडिसिन विभाग में स्थापित एंडोस्कोपी लैब का भी लोकार्पण किया गया। इन सुविधाओं के शुरू होने से मरीजों को बेहतर उपचार मिलने के साथ अस्पताल परिसर की व्यवस्थाओं में सुधार की उम्मीद है।कार्यक्रम में विशिष्ट अतिथि के रूप में सांसद अरुण कुमार सागर मौजूद रहे। इसके अलावा मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार, वित्त नियंत्रक अर्चना त्रिपाठी, मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. सरोज कुमार, चिकित्सा अधीक्षक डॉ. महेंद्र पाल, मेडिसिन विभागाध्यक्ष डॉ. एमएल अग्रवाल सहित चिकित्सक एवं कर्मचारी उपस्थित रहे।मुख्य द्वार और बाउंड्रीवॉल से सुरक्षा व्यवस्था होगी बेहतर मंत्री सुरेश कुमार खन्ना ने कहा कि मेडिकल कॉलेज के मुख्य द्वार और बाउंड्रीवॉल के निर्माण से मरीजों एवं उनके तीमारदारों को आवागमन में सुविधा मिलेगी। अस्पताल परिसर में अनधिकृत वाहनों और निराश्रित पशुओं के प्रवेश पर नियंत्रण रखने में भी मदद मिलेगी। इससे अस्पताल में आने वाले मरीजों और उनके परिजनों की सुरक्षा व्यवस्था बेहतर हो सकेगी।मुख्य द्वार पर प्रवेश व्यवस्था सुव्यवस्थित होने से अस्पताल परिसर में वाहनों की आवाजाही नियंत्रित करने में मदद मिलेगी। इससे अनावश्यक जाम की स्थिति कम होने और आपातकालीन परिस्थितियों में मरीजों को इमरजेंसी तक पहुंचाने में सहूलियत मिलने की उम्मीद है। बाउंड्रीवॉल बनने से अस्पताल का वातावरण भी शांत एवं स्वच्छ बनाए रखने में सहायता मिलेगी।
एंडोस्कोपी लैब से मरीजों को मिलेगी राहत
मेडिकल कॉलेज के जनरल मेडिसिन विभाग में स्थापित एंडोस्कोपी लैब मरीजों के लिए महत्वपूर्ण सुविधा साबित होगी। इसके शुरू होने से पेट, भोजन नली और आंतों से संबंधित बीमारियों की जांच में मदद मिलेगी। अब स्थानीय मरीजों को इस प्रकार की जांच के लिए दूसरे शहरों या निजी चिकित्सा केंद्रों पर जाने की आवश्यकता कम पड़ सकती है।एंडोस्कोपी के माध्यम से पेट दर्द, लगातार उल्टी, निगलने में परेशानी, अचानक वजन कम होने तथा मल या उल्टी में खून आने जैसे लक्षणों के कारणों की जांच की जा सकती है। जांच के आधार पर चिकित्सक मरीजों के उपचार की दिशा तय कर सकेंगे। इसके अतिरिक्त कुछ मामलों में एंडोस्कोपी के माध्यम से रक्तस्राव रोकने और अन्य चिकित्सकीय प्रक्रियाएं करने में भी मदद मिलती है।सांसद ने स्वास्थ्य सुविधाओं के विस्तार को बताया महत्वपूर्ण सांसद अरुण कुमार सागर ने अपने संबोधन में कहा कि मंत्री सुरेश कुमार खन्ना के प्रयासों से मेडिकल कॉलेज में लगातार आधुनिक स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार हो रहा है। नई सुविधाओं से जनपद के मरीजों को लाभ मिलने की उम्मीद है। कार्यक्रम के अंत में मेडिकल कॉलेज के प्राचार्य डॉ. राजेश कुमार ने मंत्री एवं सांसद के प्रति आभार व्यक्त किया।






