तहसील दिवस में फूटा वकीलों का गुस्सा: “आदेश कागज़ों तक सीमित, सुविधाएं अब भी नदारद”

तहसील दिवस में फूटा वकीलों का गुस्सा: “आदेश कागज़ों तक सीमित, सुविधाएं अब भी नदारद”

मातृभूमि की पुकार (संवाददाता)
कलान (शाहजहाँपुर), 1 अगस्त। तहसील कलान में आयोजित संपूर्ण समाधान दिवस के दौरान बार एसोसिएशन कलान के अधिवक्ताओं ने तहसील की बदहाल व्यवस्थाओं और लंबित समस्याओं को लेकर जिलाधिकारी को आठ सूत्रीय ज्ञापन सौंपा। स्थानीय बार एसोसिएशन के अध्यक्ष रामचंद्र शाक्य ने रविवार सुबह बताया कि पूर्व में दिए गए प्रशासनिक आदेशों के बावजूद अधिकांश समस्याओं का समाधान अब तक नहीं हो सका है, जिससे अधिवक्ताओं और आमजन में नाराजगी है।ज्ञापन में मिर्जापुर एवं कलान में एसबीआई ट्रेजरी काउंटर खोलने, तहसील परिसर में वृक्षारोपण, स्थायी पुलिस चौकी की स्थापना, मोबाइल नेटवर्क टावर लगवाने, अधिवक्ता चैंबर का निर्माण तथा इंटरलॉकिंग सड़क बनवाने सहित कई प्रमुख मांगें रखी गईं।अधिवक्ताओं ने आरोप लगाया कि ग्राम धिरौला मड़ैया की खतौनी पिछले एक वर्ष से लंबित है। इसके अलावा नामांतरण मामलों में अनावश्यक आपत्तियां लगाकर लोगों को परेशान किया जा रहा है। उन्होंने यह भी शिकायत की कि चकबंदी अधिकारी न्यायालय में नियमित रूप से न बैठकर बदायूं जनपद के उसावा से कार्य संचालन कर रहे हैं, जिससे वादकारियों और किसानों को भारी असुविधा का सामना करना पड़ रहा है।मामले को गंभीरता से लेते हुए जिलाधिकारी धर्मेंद्र प्रताप सिंह ने एसडीएम कलान को उसावा से चकबंदी कार्यालय संचालित किए जाने पर कड़ी नाराजगी जताई और पूरे प्रकरण की जांच कराकर आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए।वहीं सहायक चकबंदी अधिकारी राजाराम ने बताया कि उन्हें जानकारी मिली है कि पेशकार उसावा में बैठकर किसानों को परेशान कर रहा है। इस पर उसे चेतावनी दी गई है कि वह कलान में बैठकर नियमित रूप से कार्य करे, ताकि किसानों और वादकारियों को अनावश्यक परेशानी न उठानी पड़े।बार एसोसिएशन ने प्रशासन से सभी लंबित समस्याओं का शीघ्र समाधान कर तहसील की व्यवस्थाओं में सुधार करने की मांग की है।





