पिछले कई दिनों से तड़प रहा घायल गोवंश, सूचना पर पहुंची पशु चिकित्सा टीम ने शुरू किया इलाज

पिछले कई दिनों से तड़प रहा घायल गोवंश, सूचना पर पहुंची पशु चिकित्सा टीम ने शुरू किया इलाज
मातृभूमि की पुकार। संवाददाता
मिर्जापुर, शाहजहांपुर। बदायूं-फर्रुखाबाद स्टेट हाईवे पर जरियनपुर तिराहे के पास पिछले कई दिनों से घायल अवस्था में पड़े गोवंश की दुर्दशा ने जिम्मेदारों की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर दिए हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के मुताबिक घायल गोवंश करीब दो-तीन सप्ताह से सड़क किनारे पड़ा हुआ था और दर्द से तड़प रहा था।घायल गोवंश को देखकर एक व्यक्ति ने पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. सहदीप कुमार को फोन पर सूचना दी। सूचना मिलते ही चिकित्सकीय टीम को मौके पर भेजा गया, जहां घायल गोवंश का उपचार शुरू किया गया।स्थानीय लोगों का कहना है कि इस हाईवे से पूरे दिन अधिकारियों, कर्मचारियों, जनप्रतिनिधियों और विभिन्न हिंदू संगठनों के पदाधिकारियों के वाहनों का आवागमन होता रहता है, लेकिन इतने दिनों तक किसी का ध्यान घायल गोवंश की ओर नहीं गया। सूचना मिलने के बाद उपचार शुरू होना राहत की बात जरूर है, लेकिन सवाल यह है कि आखिर इतने दिनों तक घायल गोवंश की सुध क्यों नहीं ली गई।एक ओर जिला प्रशासन द्वारा छुट्टा गोवंश की सुरक्षा और संरक्षण के दावे किए जाते हैं, वहीं दूसरी ओर विकासखंड मिर्जापुर क्षेत्र में हाईवे पर छुट्टा गोवंशों के झुंड और घायल पशु दिखाई देना इन दावों की जमीनी हकीकत पर सवाल खड़े करता है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से हाईवे पर घूम रहे छुट्टा गोवंशों की व्यवस्था और घायल पशुओं के तत्काल उपचार के लिए प्रभावी कदम उठाने की मांग की है।हमें जैसे ही कहीं भी घायल गोवंश व अन्य पशुओं की सूचना मिलती है तो मैं और मेरी टीम वहां

पहुंचकर उनका उपचार शुरू कर देते हैं।
डॉ सहदीप कुमार
पशु चिकित्सा अधिकारी,मिर्जापुर






