जनपद शाहजहाँपुर में फार्मर रजिस्ट्री कार्य में लापरवाही बरतने वाले सीएससी केंद्रों पर चला एडीएम वित्त की सख्त कार्रवाई का हंटर

जनपद शाहजहाँपुर में फार्मर रजिस्ट्री कार्य में लापरवाही बरतने वाले सीएससी केंद्रों पर चला एडीएम वित्त की सख्त कार्रवाई का हंटर 
ब्यूरो रिपोर्ट धीरज गुप्ता
MBP NEWS NETWORK
जनपद में संचालित शासन की महत्वाकांक्षी योजना “फार्मर रजिस्ट्री” के अंतर्गत कार्यों की प्रगति सुनिश्चित करने हेतु जिला प्रशासन पूर्ण रूप से सक्रिय है। इसी क्रम में अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) एवं उनकी टीम द्वारा विभिन्न कॉमन सर्विस सेंटर (सीएससी) केंद्रों का निरीक्षण किया गया। शासन के निर्देशानुसार जनपद में 30 अप्रैल 2026 तक फार्मर रजिस्ट्री का कार्य पूर्ण किया जाना है।
जनपद में पंचायत सहायक, लेखपाल, कोटेदार, ग्राम प्रधान, सीएससी-वीएलई एवं कृषि विभाग के कर्मचारी इस कार्य में लगाए गए हैं, ताकि अधिक से अधिक किसानों का पंजीकरण समयबद्ध रूप से सुनिश्चित किया जा सके। साथ ही संबंधित अधिकारियों को यह भी निर्देशित किया गया है कि वे प्रतिदिन प्रगति की समीक्षा करते हुए कार्य में तेजी लाएं और किसी भी स्तर पर लापरवाही न होने दें। निरीक्षण के दौरान यह पाया गया कि कुछ सीएससी केंद्रों द्वारा कार्य में अपेक्षित सहयोग नहीं किया जा रहा है, जबकि इस संबंध में पूर्व में जिलाधिकारी महोदय एवं अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) द्वारा कई बार लिखित एवं मौखिक निर्देश दिए जा चुके थे।
अपर जिलाधिकारी वित्त एवं राजस्व अरविन्द कुमार द्वारा जनसेवा केंद्रों पर की गई जांच में निम्नलिखित केंद्रों पर कार्य में शिथिलता पाई गई
अखिलेश कुमार जन सेवा केंद्र, पीरगंज, अल्लाहगंज
तस्लीम जन सेवा केंद्र, अल्लाहगंज
राहुल जन सेवा केंद्र, ठीकरी. राहुल जन सेवा केंद्र, कुटरा
रमेश चन्द्र जन सेवा केंद्र, सीसोरी
आशु आधार संशोधन जन सेवा केंद्र, जेवा रोड लखपेड़ा, पोवाया,बालाजी जन सेवा केंद्र, निगोही रोड, पोवाया,प्रमोद जन सेवा केंद्र, काशीराम नगर, पोवाया
, राजीव कुमार जन सेवा केंद्र, ग्राम मिलकीय, निगोही, तिलहर
अपर जिलाधिकारी (वित्त एवं राजस्व) द्वारा जिला प्रबंधक सीएससी को निर्देशित किया गया है कि शासन की योजना में अपेक्षित सहयोग न किए जाने के कारण उक्त केंद्रों की सीएससी आईडी को तत्काल प्रभाव से निलंबित (सस्पेंड) करने की कार्यवाही की जाए।
जिला प्रशासन द्वारा स्पष्ट किया गया है कि शासन की योजनाओं के क्रियान्वयन में किसी भी प्रकार की लापरवाही या उदासीनता बर्दाश्त नहीं की जाएगी। सभी संबंधित केंद्र संचालकों को निर्देशित किया जाता है कि वे निर्धारित मानकों के अनुसार कार्य सुनिश्चित करें, अन्यथा उनके विरुद्ध कठोर कार्रवाई की जाएगी।




