पुलिस लाइन सभागार में हुई मासिक क्राइम मीटिंग, अपराध नियंत्रण को लेकर पुलिस अधीक्षक ने दिए सख्त निर्देश


पुलिस लाइन सभागार में हुई मासिक क्राइम मीटिंग, अपराध नियंत्रण को लेकर पुलिस अधीक्षक ने दिए सख्त निर्देश
ब्यूरो रिपोर्ट धीरज गुप्ता
शाहजहाँपुर। पुलिस लाइन सभागार में 11 जनवरी 2026 को जनपद स्तर पर मासिक अपराध समीक्षा बैठक (क्राइम मीटिंग) का आयोजन किया गया। बैठक की अध्यक्षता पुलिस अधीक्षक राजेश द्विवेदी ने की। इस अवसर पर अपर पुलिस अधीक्षक नगर, देवेन्द्र कुमार अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण, दीक्षा भांवरें समस्त क्षेत्राधिकारी, सभी थाना प्रभारी, शाखा प्रभारी एवं अन्य संबंधित अधिकारी उपस्थित रहे।बैठक के दौरान बीते माह में घटित गंभीर अपराधों की विस्तृत समीक्षा की गई। हत्या, लूट, चोरी, महिलाओं के विरुद्ध अपराध, बलात्कार एवं साइबर अपराध जैसे मामलों पर विशेष चर्चा की गई। जिन मामलों में अभी तक गिरफ्तारी नहीं हो सकी है, उनमें प्राथमिकता के आधार पर शीघ्र कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए गए।
क्राइम मीटिंग के उपरांत सैनिक सम्मेलन का भी आयोजन किया गया, जिसमें अधिकारियों एवं कर्मचारियों की समस्याओं को गंभीरता से सुना गया तथा उनके त्वरित निस्तारण के लिए संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए गए।बैठक के प्रमुख बिंदु इस प्रकार रहे लंबित विवेचनाओं के शीघ्र एवं गुणवत्तापूर्ण निस्तारण पर विशेष जोर दिया गया। सभी थाना प्रभारियों को निर्देशित किया गया कि वे विवेचनाओं की दैनिक समीक्षा करें, लापरवाही पाए जाने पर संबंधित विवेचक की जिम्मेदारी तय की जाएगी।वांछित एवं इनामी अपराधियों की गिरफ्तारी के लिए विशेष टीम गठित कर अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। गिरफ्तारी में शिथिलता बरतने पर संबंधित अधिकारियों के विरुद्ध कार्रवाई की चेतावनी दी गई। महिला सुरक्षा को सर्वोच्च प्राथमिकता देते हुए महिला हेल्प डेस्क को सक्रिय रखने, महिलाओं व बालिकाओं से जुड़े मामलों में त्वरित कार्रवाई तथा स्कूल-कॉलेजों के आसपास एंटी रोमियो स्क्वाड की प्रभावी गश्त सुनिश्चित करने को कहा गया।बढ़ते साइबर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिए साइबर सेल को और अधिक सक्रिय करने एवं आमजन को साइबर सुरक्षा के प्रति जागरूक करने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार अभियान चलाने के निर्देश दिए गए। अपराध नियंत्रण के लिए फुट पेट्रोलिंग, रात्रि गश्त एवं चेकिंग अभियान को सुदृढ़ करने पर बल दिया गया। हाईवे, बाजार, बैंक, एटीएम व भीड़-भाड़ वाले क्षेत्रों में विशेष निगरानी रखने के निर्देश दिए गए। थानों पर प्राप्त होने वाली जनशिकायतों का समयबद्ध, पारदर्शी व संतोषजनक निस्तारण सुनिश्चित करने तथा जनता और पुलिस के बीच विश्वास बढ़ाने के उद्देश्य से थाना स्तर पर संवाद कार्यक्रम आयोजित करने को कहा गया।
आगामी त्योहारों एवं सामाजिक कार्यक्रमों को ध्यान में रखते हुए सुरक्षा व्यवस्था की रूपरेखा तैयार करने, खुफिया सूचना संकलन, भीड़ नियंत्रण, यातायात प्रबंधन एवं कानून-व्यवस्था बनाए रखने पर विशेष ध्यान देने के निर्देश दिए गए। अंत में पुलिस अधीक्षक ने सभी अधिकारियों को अपने-अपने थाना क्षेत्रों में सक्रियता बढ़ाने, जनता से निरंतर संवाद बनाए रखने तथा अपराध और अपराधियों के विरुद्ध कठोर एवं निरंतर कार्रवाई सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि अपराध नियंत्रण, कानून-व्यवस्था एवं जनता की सुरक्षा पुलिस की सर्वोच्च प्राथमिकता है।






