सेंट्रल मेथोडिस्ट चर्च, गोविंदगंज, शाहजहांपुर में श्रद्धा और उल्लास के साथ ईस्टर पर्व का आयोजन।

सेंट्रल मेथोडिस्ट चर्च, गोविंदगंज, शाहजहांपुर में श्रद्धा और उल्लास के साथ ईस्टर पर्व का आयोजन।
मातृभूमि की पुकार ( संवाददाता)
शाहजहांपुर, उत्तर प्रदेश:Central Methodist Church Govindganj में ईस्टर पर्व बड़े हर्षोल्लास, आस्था और श्रद्धा के साथ मनाया गया। प्रभु यीशु मसीह के पुनरुत्थान के इस पावन अवसर पर बड़ी संख्या में श्रद्धालु एकत्रित हुए और प्रार्थना, भजन एवं आराधना के माध्यम से अपनी भक्ति व्यक्त की।इस अवसर पर मुख्य अतिथि के रूप में उत्तर प्रदेश सरकार के माननीय मंत्री Suresh Kumar Khanna की गरिमामयी उपस्थिति ने समारोह की शोभा बढ़ा दी। उन्होंने उपस्थित जनसमूह को ईस्टर की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि यह पर्व प्रेम, शांति और मानवता का संदेश देता है। उन्होंने समाज में भाईचारे और आपसी सौहार्द बनाए रखने पर बल दिया तथा ईसाई समुदाय के सामाजिक योगदान की सराहना की।कार्यक्रम का संचालन pastor अमित लाल ने सभा को संभोधित करते हुए कहा
कार्यक्रम का आरंभ मंत्री सुरेश खन्ना के स्वागत के साथ किया गया ।चर्च की पुरोहित अमित लाल , भोर फाउंडेशन की अध्यक्ष स्वाति सिंह ने मोमेंटो और शाल उड़ाकर स्वागत किया!
तत्पसचात् दौलत मसीह,
अमित Edward
NTI Director सपना मैसी
अजीत सिंह
Pastor Dara सिंह Holy angles स्कूल चिनौर शाहजहांपुर की principal sister fatima ने बुके और माला पहनाकर
खन्ना जी का स्वागत किया!! भोर फाउंडेशन की अध्यक्ष Swati Singh द्वारा हिंदी में अत्यंत सुंदर एवं प्रभावशाली ढंग से easter पर्व की शुभकामनाएं दी! उनके मधुर संचालन ने कार्यक्रम को और अधिक जीवंत बना दिया। प्रार्थनाओं, भजनों और पवित्र वचनों के माध्यम से ईस्टर का संदेश—आशा, नवजीवन और विश्वास—सभी तक पहुंचाया गया।इस अवसर पर चर्च के सदस्यों, गायन मंडली तथा परिवारों ने सक्रिय भागीदारी निभाई, जिससे पूरा वातावरण आध्यात्मिक ऊर्जा से भर गया। देश की शांति, समृद्धि और कल्याण के लिए विशेष प्रार्थनाएं भी की गईं।चर्च परिसर को फूलों और आकर्षक सजावट से सजाया गया था, जो पुनरुत्थान के आनंद को दर्शा रहा था। कार्यक्रम के अंत में सभी ने एक-दूसरे को ईस्टर की शुभकामनाएं दीं और आपसी भाईचारे को मजबूत किया।सेंट्रल मेथोडिस्ट चर्च में मनाया गया यह ईस्टर पर्व आस्था, एकता और प्रेम के शाश्वत संदेश का प्रतीक बना।




